Rakesh Kumar
गया जंक्शन पर भारी मात्रा में चांदी लेकर सफर कर रहा पश्चिम बंगाल का एक युवक आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम के हत्थे चढ़ गया। उसके पीठ पर लदे बैग से 14.835 किलोग्राम चांदी और चांदी के आभूषण बरामद किए गए, जिनकी अनुमानित कीमत 36 लाख 34 हजार 575 रुपये बताई गई है। चांदी के कब्जे और परिवहन से संबंधित वैध दस्तावेज नहीं मिलने पर टीम ने जमशेद अली मलिक (36) को गिरफ्तार किया। मामले की सूचना आयकर विभाग, पटना को दे दी गई है। अब जांच में यह पता लगाया जाएगा कि इतनी बड़ी मात्रा में चांदी कहां से लाई गई थी और इसे कहां ले जाया जा रहा था।
भारी बैग ने खींचा जवानों का ध्यान
आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम रेलवे स्टेशन परिसर में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रख रही थी। इसी दौरान गया जंक्शन के दिल्ली छोर स्थित फुट ओवरब्रिज पर एक युवक पीठ पर भारी बैग लादकर प्लेटफॉर्म संख्या छह और सात की ओर जाता दिखाई दिया। बैग के वजन और युवक की गतिविधियों पर संदेह होने के बाद जवानों ने उसे रोक लिया। पूछताछ के दौरान बैग में चांदी और उसके आभूषण होने की जानकारी मिली। इसके बाद तलाशी ली गई, तो उसमें भारी मात्रा में चांदी बरामद हुई।
कीमती खेप, लेकिन नहीं मिले वैध कागजात
जांच के दौरान युवक चांदी के परिवहन और अपने कब्जे में रखने से संबंधित वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद टीम ने 14.835 किलोग्राम चांदी और आभूषण जब्त कर आवश्यक कार्रवाई की। गिरफ्तार युवक पश्चिम बंगाल के पश्चिम मेदिनीपुर जिले के दासपुर थाना क्षेत्र स्थित उदयचक गांव का निवासी है। बरामद चांदी की कीमत 36.34 लाख रुपये से अधिक आंकी गई है। हालांकि, दस्तावेजों के अभाव में संदेह जरूर गहराया है, लेकिन कर चोरी या किसी अन्य अनियमितता की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
आयकर विभाग की जांच पर टिकी नजर
आरपीएफ इंस्पेक्टर बनारसी यादव के अनुसार, मामले की जानकारी आयकर विभाग, पटना को दे दी गई है। अब जांच के दौरान चांदी के स्रोत, खरीद-बिक्री से जुड़े दस्तावेजों और उसके परिवहन के उद्देश्य की पड़ताल की जाएगी। आरपीएफ के सहायक सुरक्षा आयुक्त संजय कुमार सिंह ने बताया कि इंस्पेक्टर बनारसी यादव और रेल थानाध्यक्ष शिव कुमार की निगरानी में विशेष अभियान चलाया जा रहा था। इसी दौरान यह कार्रवाई की गई। फिलहाल मामले में आगे की कार्रवाई संबंधित विभाग की जांच के आधार पर की जाएगी।